डीक्वेरवेन टेनोसाइनोवाइटिस (De Quervain's) नई माताओं में अंगूठे के दर्द (Mommy's Thumb) का इलाज।
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डीक्वेरवेन टेनोसाइनोवाइटिस (De Quervain’s Tenosynovitis): नई माताओं में अंगूठे के दर्द (‘Mommy’s Thumb’) का संपूर्ण इलाज और बचाव

मां बनना दुनिया के सबसे खूबसूरत और सुखद अनुभवों में से एक है। एक नन्हे शिशु को अपनी बाहों में लेना, उसे दूध पिलाना और उसे पालने में झुलाना—ये सभी पल अनमोल होते हैं। लेकिन इन खूबसूरत पलों के साथ-साथ एक नई मां के शरीर पर कई तरह के शारीरिक दबाव भी पड़ते हैं। कई बार नई माताओं को अपने अंगूठे के आधार (base of the thumb) और कलाई के हिस्से में एक तेज और चुभने वाला दर्द महसूस होता है।

अक्सर माताएं इस दर्द को सामान्य थकान समझकर नजरअंदाज कर देती हैं, लेकिन अगर यह दर्द आपके शिशु को उठाने, दूध पिलाने या कोई भी भारी चीज पकड़ने में बाधा बन रहा है, तो यह डीक्वेरवेन टेनोसाइनोवाइटिस (De Quervain’s Tenosynovitis) हो सकता है। इसे आम बोलचाल की भाषा में ‘मॉमीज थंब’ (Mommy’s Thumb) या ‘मदर्स रिस्ट’ भी कहा जाता है।

इस विस्तृत लेख में हम डीक्वेरवेन टेनोसाइनोवाइटिस के कारण, लक्षण, पहचान के तरीके, घरेलू उपचार, मेडिकल ट्रीटमेंट और भविष्य में इससे बचाव के तरीकों पर विस्तार से चर्चा करेंगे।


डीक्वेरवेन टेनोसाइनोवाइटिस क्या है? (What is De Quervain’s Tenosynovitis?)

हमारे अंगूठे को हिलाने-डुलाने और उसे नियंत्रित करने के लिए कलाई और अंगूठे के बीच दो मुख्य टेंडन (Tendons – मांसपेशियों को हड्डियों से जोड़ने वाले मजबूत ऊतक) होते हैं। इन टेंडन्स का नाम एबडक्टर पॉलिसिस लॉन्गस (Abductor pollicis longus) और एक्सटेंसर पॉलिसिस ब्रेविस (Extensor pollicis brevis) है।

ये टेंडन एक छोटी सी नली या म्यान (sheath) से होकर गुजरते हैं। जब आप अपने अंगूठे का बहुत अधिक उपयोग करते हैं या उस पर बार-बार दबाव डालते हैं, तो इस म्यान (sheath) में सूजन (inflammation) आ जाती है। सूजन के कारण टेंडन्स के लिए उस म्यान के अंदर सुचारू रूप से सरकना मुश्किल हो जाता है। इसी रगड़ और सूजन के कारण अंगूठे और कलाई के हिस्से में भयंकर दर्द होता है, जिसे डीक्वेरवेन टेनोसाइनोवाइटिस कहा जाता है।


नई माताओं में ‘मॉमीज थंब’ क्यों होता है? (Causes in New Mothers)

हालांकि यह समस्या किसी को भी हो सकती है (विशेषकर उन लोगों को जो कंप्यूटर पर बहुत टाइप करते हैं या रैकेट वाले खेल खेलते हैं), लेकिन नई माताओं में इसके मामले सबसे ज्यादा देखे जाते हैं। इसके मुख्य कारण निम्नलिखित हैं:

  1. शिशु को बार-बार उठाना: एक नवजात शिशु का वजन तेजी से बढ़ता है। दिन में 20 से 30 बार शिशु को पालने से, फर्श से या बिस्तर से उठाते समय माताएं अक्सर अपने अंगूठों को ‘L’ के आकार में फैलाकर शिशु की कांख (armpits) के नीचे हाथ लगाती हैं। इस ‘L’ ग्रिप से अंगूठे के टेंडन्स पर सीधा और बहुत अधिक दबाव पड़ता है।
  2. हार्मोनल बदलाव (Hormonal Changes): गर्भावस्था और स्तनपान (breastfeeding) के दौरान महिलाओं के शरीर में कई हार्मोनल बदलाव होते हैं। ‘रिलैक्सिन’ (Relaxin) नाम का हार्मोन जोड़ों और लिगामेंट्स को ढीला कर देता है, जिससे टेंडन्स के चोटिल होने का खतरा बढ़ जाता है। इसके अलावा, शरीर में पानी रुकने (fluid retention) के कारण भी टेंडन की म्यान में दबाव बढ़ सकता है।
  3. स्तनपान कराते समय गलत पॉश्चर: शिशु को दूध पिलाते समय माताएं अक्सर अपने हाथ और कलाई को एक ही अजीब स्थिति (awkward position) में लंबे समय तक रोक कर रखती हैं। शिशु के सिर का वजन सीधे कलाई और अंगूठे के जोड़ों पर पड़ता है।
  4. नींद की कमी और थकान: नई माताओं को पर्याप्त आराम नहीं मिल पाता है। शरीर की मांसपेशियों और टेंडन्स को रिकवर (heal) होने का समय ही नहीं मिलता, जिससे छोटी सी सूजन एक बड़ी और दर्दनाक समस्या में बदल जाती है।

डीक्वेरवेन टेनोसाइनोवाइटिस के लक्षण (Symptoms)

इस स्थिति को पहचानना बहुत जरूरी है ताकि समय पर इलाज शुरू किया जा सके। इसके प्रमुख लक्षण इस प्रकार हैं:

  • अंगूठे के आधार पर तेज दर्द: दर्द अंगूठे के निचले हिस्से से शुरू होकर कलाई तक और कभी-कभी बांह तक फैल सकता है।
  • सूजन (Swelling): अंगूठे और कलाई के जोड़ के पास हल्की या स्पष्ट सूजन दिखाई देना।
  • हिलने-डुलने में परेशानी: अंगूठे को हिलाते समय, मुट्ठी बांधते समय या कुछ पकड़ने (gripping) पर तेज दर्द होना।
  • अटकने का अहसास (Catching sensation): अंगूठे को हिलाते समय ऐसा महसूस होना जैसे टेंडन कहीं अटक रहा है या एक ‘क्लिक’ जैसी आवाज आना।
  • चीजें छूट जाना: दर्द के कारण हाथ की पकड़ (grip strength) कमजोर हो जाना, जिससे अक्सर हाथ से चीजें अचानक गिर सकती हैं।

घर पर इसकी पहचान कैसे करें? (The Finkelstein Test)

डॉक्टर आमतौर पर इस बीमारी का पता लगाने के लिए एक बहुत ही साधारण सा टेस्ट करते हैं, जिसे फिंकेलस्टीन टेस्ट (Finkelstein Test) कहा जाता है। आप इसे घर पर भी सावधानी से आजमा कर देख सकते हैं:

  1. अपने दर्द वाले हाथ को सामने फैलाएं।
  2. अपने अंगूठे को हथेली के अंदर की तरफ मोड़ें।
  3. अब अपनी बाकी चारों उंगलियों को अंगूठे के ऊपर बंद कर लें (जैसे आप मुट्ठी बांधते हैं)।
  4. मुट्ठी को अपनी छोटी उंगली (pinky finger) की दिशा में नीचे की तरफ (कलाई से) मोड़ें।

अगर ऐसा करने पर आपको अपने अंगूठे के आधार और कलाई में बहुत तेज और चुभने वाला दर्द महसूस होता है, तो यह लगभग तय है कि आपको डीक्वेरवेन टेनोसाइनोवाइटिस है।


‘मॉमीज थंब’ का उपचार (Treatment and Management)

इस दर्द का इलाज जितना जल्दी शुरू किया जाए, रिकवरी उतनी ही तेज होती है। इसके इलाज को हम तीन भागों में बांट सकते हैं: जीवनशैली में बदलाव, घरेलू उपचार और मेडिकल ट्रीटमेंट।

1. जीवनशैली और पॉश्चर में बदलाव (Ergonomic Modifications)

नई मांओं के लिए सबसे बड़ी चुनौती यह है कि वे शिशु की देखभाल करना बंद नहीं कर सकतीं। इसलिए, शिशु को उठाने और पकड़ने के तरीके में बदलाव करना सबसे जरूरी है।

  • उठाने का सही तरीका (The Scoop Method): शिशु को उठाते समय अपने अंगूठों को ‘L’ शेप में फैलाने से बचें। इसके बजाय, अपनी दोनों हथेलियों को एक साथ लाएं और शिशु के कूल्हों (bottom) और सिर के पीछे से उसे “स्कूप” (Scoop) करके उठाएं। इसमें सारा वजन आपकी हथेलियों और बांहों पर आएगा, न कि अंगूठों पर।
  • फीडिंग पिलो का इस्तेमाल: स्तनपान या बोतल से दूध पिलाते समय शिशु के वजन को अपने हाथों पर उठाने के बजाय, एक अच्छे ‘नर्सिंग पिलो’ (Nursing Pillow) या सामान्य तकियों का इस्तेमाल करें ताकि आपके हाथों को पूरा सपोर्ट मिले।
  • बेबी कैरियर (Baby Carrier) का प्रयोग करें: अगर आपका शिशु गोद में रहना पसंद करता है, तो एक एर्गोनोमिक बेबी कैरियर का उपयोग करें। इससे शिशु का वजन आपके कंधों और पीठ पर बंट जाएगा और हाथों को आराम मिलेगा।

2. घरेलू और प्राथमिक उपचार (Home Care & First Line Treatment)

  • रेस्ट (Rest): अंगूठे और कलाई को जितना हो सके आराम दें। उन गतिविधियों से बचें जिनसे दर्द बढ़ता है (जैसे भारी बर्तन उठाना, कपड़े निचोड़ना, फोन पर बहुत ज्यादा टाइपिंग करना)।
  • थंब स्पाइका स्प्लिंट (Thumb Spica Splint): यह इस बीमारी का सबसे प्रभावी और महत्वपूर्ण गैर-सर्जिकल इलाज है। यह एक विशेष प्रकार का ब्रेस (Brace) होता है जो अंगूठे और कलाई को स्थिर (immobilize) कर देता है। इसे पहनने से टेंडन को आराम मिलता है और सूजन कम होने का मौका मिलता है। इसे दिन में काम करते समय और विशेषकर रात को सोते समय जरूर पहनना चाहिए (कम से कम 3 से 6 सप्ताह के लिए)।
  • बर्फ और गर्म सिकाई (Ice and Heat Therapy): शुरुआत में जब दर्द और सूजन बहुत तेज हो, तो दिन में 3-4 बार 15 मिनट के लिए बर्फ की सिकाई (Ice pack) करें। जब सूजन थोड़ी कम हो जाए, तो मांसपेशियों को आराम देने के लिए गर्म पानी की सिकाई या हीटिंग पैड का उपयोग किया जा सकता है।
  • हल्की मालिश (Gentle Massage): दर्द वाले हिस्से के आसपास हल्के हाथों से मालिश करने से रक्त संचार बढ़ता है और अकड़न कम होती है। ध्यान रहे, मालिश करते समय ज्यादा दबाव न डालें।

3. मेडिकल ट्रीटमेंट (Medical Intervention)

यदि घरेलू उपचार और स्प्लिंट पहनने के बाद भी 3-4 हफ्तों में आराम नहीं मिलता है, तो आपको किसी ऑर्थोपेडिक (हड्डियों के डॉक्टर) या फिजियोथेरेपिस्ट से संपर्क करना चाहिए।

  • दवाइयां (NSAIDs): डॉक्टर सूजन और दर्द को कम करने के लिए इबुप्रोफेन (Ibuprofen) जैसी नॉन-स्टेरायडल एंटी-इंफ्लेमेटरी दवाएं दे सकते हैं। चेतावनी: यदि आप स्तनपान करा रही हैं, तो कोई भी दवा लेने से पहले अपने डॉक्टर या स्त्री रोग विशेषज्ञ (Gynecologist) से जरूर सलाह लें।
  • फिजियोथेरेपी (Physical Therapy): एक योग्य फिजियोथेरेपिस्ट आपको कलाई और अंगूठे की मांसपेशियों को मजबूत करने वाले कुछ विशिष्ट व्यायाम सिखा सकता है। ये व्यायाम टेंडन पर से दबाव कम करने में मदद करते हैं।
  • कॉर्टिकोस्टेरॉइड इंजेक्शन (Corticosteroid Injections): यदि दर्द बहुत गंभीर है और स्प्लिंट से ठीक नहीं हो रहा है, तो डॉक्टर टेंडन की म्यान के अंदर कॉर्टिकोस्टेरॉइड का एक इंजेक्शन लगा सकते हैं। यह इंजेक्शन सूजन को बहुत तेजी से खत्म कर देता है और ज्यादातर मामलों में एक या दो इंजेक्शन के बाद मरीज पूरी तरह ठीक हो जाता है।
  • सर्जरी (Surgery): सर्जरी की नौबत बहुत ही दुर्लभ मामलों में आती है, जब कोई भी इलाज काम नहीं करता है और दर्द के कारण हाथ का काम करना पूरी तरह बंद हो जाता है। यह एक छोटी सी डे-केयर (Day-care) सर्जरी होती है, जिसमें डॉक्टर टेंडन की म्यान (sheath) में एक छोटा सा कट लगाकर उसे खोल देते हैं, ताकि टेंडन्स आसानी से बिना रगड़ खाए अंदर-बाहर हो सकें। सर्जरी के बाद रिकवरी आमतौर पर बहुत अच्छी होती है।

रिकवरी के लिए कुछ सरल व्यायाम (Gentle Exercises for Recovery)

नोट: ये व्यायाम तभी करें जब आपका शुरुआती तेज दर्द और सूजन कम हो गई हो। इन्हें करते समय दर्द नहीं होना चाहिए, केवल हल्का खिंचाव महसूस होना चाहिए।

  1. रिस्ट एक्सटेंशन (Wrist Extension): अपने हाथ को किसी मेज के किनारे पर रखें, जिसमें हथेली नीचे की ओर हो। अब अपनी कलाई को धीरे-धीरे ऊपर की ओर उठाएं और फिर नीचे लाएं। इसे 10 बार दोहराएं।
  2. थंब लिफ्ट (Thumb Lift): अपने हाथ को एक सपाट सतह (मेज) पर रखें। अब अपने अंगूठे को धीरे-धीरे ऊपर की ओर उठाएं, कुछ सेकंड रोकें और फिर नीचे लाएं।
  3. फिंगर स्ट्रेच (Finger Stretch): अपनी पांचों उंगलियों के चारों ओर एक रबर बैंड (Rubber band) लगाएं और उंगलियों को बाहर की तरफ फैलाने की कोशिश करें। इससे हाथ की मांसपेशियां मजबूत होती हैं।

निष्कर्ष और माताओं के लिए एक संदेश (Conclusion)

नई मां बनना एक फुल-टाइम जॉब है, जिसमें न तो कोई छुट्टी होती है और न ही आराम का कोई निश्चित समय। अक्सर माताएं अपने बच्चे की देखभाल में इतनी मगन हो जाती हैं कि वे अपने शरीर की तकलीफों को पूरी तरह से भूल जाती हैं या उन्हें नजरअंदाज कर देती हैं।

‘मॉमीज थंब’ (De Quervain’s Tenosynovitis) एक बहुत ही वास्तविक और बेहद दर्दनाक स्थिति है। यह कोई ऐसी चीज नहीं है जिसके साथ आपको बस ‘जीना सीख लेना’ चाहिए। यदि आप अंगूठे के दर्द से जूझ रही हैं, तो याद रखें कि एक स्वस्थ मां ही एक खुशहाल बच्चे की सबसे अच्छी देखभाल कर सकती है।

शुरुआती दौर में ही स्प्लिंट का उपयोग करने और बच्चे को उठाने के तरीकों में बदलाव करने से यह समस्या बिना किसी दवा के ठीक हो सकती है। अगर दर्द बढ़ रहा है, तो बिना संकोच के डॉक्टर से मिलें। अपने शारीरिक स्वास्थ्य को प्राथमिकता देना स्वार्थ नहीं, बल्कि आपके और आपके बच्चे दोनों के बेहतर भविष्य के लिए एक आवश्यक कदम है।

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