मजबूत टखनों के लिए 5 आसान और असरदार व्यायाम
क्या आपको चलते-फिरते अचानक टखने में लचक महसूस होती है? क्या आप अक्सर टखने की मोच (Ankle Sprain) से परेशान रहते हैं? यदि हाँ, तो आप अकेले नहीं हैं। हमारे शरीर का पूरा वजन हमारे टखनों पर टिका होता है, फिर भी हम अक्सर इनकी मजबूती को नजरअंदाज कर देते हैं।
चाहे आप एक एथलीट हों, जिम जाते हों, या बस अपने दैनिक जीवन में बेहतर संतुलन चाहते हों, मजबूत टखने आपकी गतिशीलता और सुरक्षा के लिए अनिवार्य हैं। इस लेख में, हम मजबूत टखनों के लिए 5 आसान और असरदार व्यायाम उनके फायदों के बारे में विस्तार से चर्चा करेंगे।
टखने की मजबूती क्यों जरूरी है? (Importance of Ankle Strength)
व्यायाम शुरू करने से पहले यह समझना जरूरी है कि टखने हमारे शरीर में क्या भूमिका निभाते हैं:
- संतुलन और स्थिरता: टखने ऊबड़-खाबड़ जमीन पर चलते समय शरीर को स्थिर रखते हैं।
- चोट से बचाव: मजबूत मांसपेशियां और लिगामेंट्स मोच (Sprains) और फ्रैक्चर के जोखिम को कम करते हैं।
- बेहतर एथलेटिक प्रदर्शन: दौड़ने, कूदने और अचानक दिशा बदलने के लिए टखनों की शक्ति महत्वपूर्ण है।
- जोड़ों के दर्द में कमी: टखनों की कमजोरी अक्सर घुटनों और कूल्हों (Hips) में दर्द का कारण बनती है।
टखने की शरीर रचना (Anatomy at a Glance)
टखने का जोड़ तीन मुख्य हड्डियों से बना होता है: Tibia (शिन बोन), Fibula, और Talus। इन्हें आपस में जोड़ने वाले ऊतकों को लिगामेंट्स कहा जाता है। टखने की मजबूती के लिए हमें मुख्य रूप से निम्नलिखित मांसपेशियों पर ध्यान देना होता है:
- Gastrocnemius और Soleus: पिंडलियों (Calves) की मांसपेशियां।
- Tibialis Anterior: शिन (Shin) के सामने की मांसपेशियां।
- Peroneals: टखने के बाहरी हिस्से की मांसपेशियां।
मजबूत टखनों के लिए 5 आसान और असरदार व्यायाम Video
मजबूत टखनों के लिए 5 आसान और असरदार व्यायाम
यहाँ 5 आसान व्यायाम दिए गए हैं जिन्हें आप घर पर बिना किसी महंगे उपकरण के कर सकते हैं।
1. एंकल सर्कल्स (Ankle Circles)
यह टखने की गतिशीलता (Mobility) बढ़ाने के लिए सबसे सरल और प्रभावी व्यायाम है। यह जोड़ों में लुब्रिकेशन बढ़ाता है और जकड़न को कम करता है।
कैसे करें:
- एक कुर्सी पर सीधे बैठें या जमीन पर पैर फैलाकर बैठ जाएं।
- एक पैर को जमीन से थोड़ा ऊपर उठाएं।
- अब अपने पंजे से हवा में एक बड़ा गोला (Circle) बनाने की कोशिश करें।
- इसे 15 बार क्लॉकवाइज (Clockwise) और 15 बार एंटी-क्लॉकवाइज (Anti-clockwise) घुमाएं।
- यही प्रक्रिया दूसरे पैर के साथ दोहराएं।
प्रो टिप: व्यायाम करते समय केवल अपने टखने को हिलाएं, पूरे पैर को नहीं।

2. काफ रेजेस (Calf Raises)
यह व्यायाम पिंडलियों की मांसपेशियों को लक्षित करता है, जो टखने को पीछे से सहारा देती हैं।
कैसे करें:
- सीधे खड़े हो जाएं। संतुलन के लिए आप दीवार या कुर्सी का सहारा ले सकते हैं।
- धीरे-धीरे अपनी एड़ियों को जमीन से ऊपर उठाएं और पंजों के बल खड़े हों।
- ऊपर की स्थिति में 2 सेकंड के लिए रुकें।
- धीरे-धीरे एड़ियों को वापस जमीन पर लाएं।
- इसे 15-20 बार के 3 सेट में करें।
फायदे: यह दौड़ते समय लगने वाले झटके (Impact) को सहने की क्षमता बढ़ाता है।

3. रेजिस्टेंस बैंड एंकल फ्लेक्सियन (Resistance Band Ankle Flexion)
यह एक्सरसाइज टखने के सामने की मांसपेशियों (Tibialis Anterior) को मजबूत करती है, जो ‘फुट ड्रॉप’ जैसी समस्याओं को रोकने में मदद करती है।
कैसे करें:
- जमीन पर पैर फैलाकर बैठें।
- एक रेजिस्टेंस बैंड को किसी भारी मेज या बेड के पैर से बांधें।
- बैंड के दूसरे छोर को अपने पंजे के ऊपरी हिस्से पर फंसाएं।
- अब अपने पंजे को अपनी ओर (शरीर की ओर) खींचें।
- कुछ सेकंड रुकें और फिर धीरे से वापस ले जाएं।
- 12-15 बार दोहराएं।

4. एंकल पंप्स (Ankle Pumps)
यह एक्सरसाइज न केवल मजबूती देती है, बल्कि रक्त संचार (Blood Circulation) में भी सुधार करती है, जिससे सूजन कम होती है।
कैसे करें:
- लेटकर या बैठकर पैर सीधे फैलाएं।
- अपने पंजों को जितना हो सके अपनी ओर (Dorsiflexion) खींचें।
- फिर पंजों को जितना हो सके नीचे की ओर (Plantarflexion) धकेलें।
- यह गति लयबद्ध (Rhythmic) होनी चाहिए।
- इसे 2-3 मिनट तक लगातार करें।

5. लेटरल बैंड वॉक्स (Lateral Band Walks)
यह व्यायाम टखने की बाहरी स्थिरता और कूल्हों (Hips) की मजबूती के लिए बेहतरीन है।
कैसे करें:
- दोनों पैरों के टखनों या घुटनों के ऊपर एक छोटा लूप रेजिस्टेंस बैंड लगाएं।
- आधे स्क्वाट (Half-squat) की स्थिति में आएं।
- अब एक तरफ (Side-ways) छोटे-छोटे कदम चलें (जैसे केकड़ा चलता है)।
- 10 कदम दाईं ओर और फिर 10 कदम बाईं ओर चलें।
महत्व: यह टखने को बाहर की तरफ मुड़ने (Inversion Sprain) से बचाता है।

वर्कआउट शेड्यूल (Weekly Routine Table)
| एक्सरसाइज | सेट्स | रेप्स (Reps) | विश्राम |
| एंकल सर्कल्स | 3 | 15 (दोनों तरफ) | 30 सेकंड |
| काफ रेजेस | 3 | 15-20 | 45 सेकंड |
| रेजिस्टेंस बैंड फ्लेक्सियन | 2 | 12-15 | 30 सेकंड |
| एंकल पंप्स | 2 | 2 मिनट | – |
| लेटरल बैंड वॉक्स | 3 | 10 कदम (दोनों तरफ) | 1 मिनट |
व्यायाम करते समय बरतने वाली सावधानियां
- दर्द को नजरअंदाज न करें: यदि किसी व्यायाम के दौरान तेज या चुभने वाला दर्द हो, तो तुरंत रुक जाएं।
- वार्म-अप: व्यायाम शुरू करने से पहले 5 मिनट वॉक या हल्के स्ट्रेचिंग जरूर करें।
- धीरे-धीरे शुरुआत करें: यदि आप चोट से उबर रहे हैं (Rehab), तो पहले बिना रेजिस्टेंस बैंड के अभ्यास करें।
- सतह का चुनाव: हमेशा समतल और गैर-फिसलन वाली सतह पर ही व्यायाम करें।
टखनों की मजबूती के लिए अतिरिक्त सुझाव
व्यायाम के अलावा, ये चीजें भी आपके टखनों को स्वस्थ रखने में मदद करेंगी:
- उचित जूते: हमेशा सही फिटिंग और अच्छे आर्क सपोर्ट वाले जूते पहनें। पुराने और घिसे हुए जूते टखने पर अतिरिक्त दबाव डालते हैं।
- बैलेंस ट्रेनिंग: ब्रश करते समय या फोन पर बात करते समय एक पैर पर खड़े होने का अभ्यास करें। यह आपके ‘Proprioception’ (मस्तिष्क और जोड़ के बीच तालमेल) को बेहतर बनाता है।
- वजन नियंत्रण: शरीर का अधिक वजन टखनों पर अत्यधिक तनाव डालता है। स्वस्थ वजन बनाए रखने से जोड़ों की उम्र बढ़ती है।
निष्कर्ष
मजबूत टखने केवल एथलीटों के लिए नहीं, बल्कि हर उस व्यक्ति के लिए जरूरी हैं जो लंबे समय तक सक्रिय और स्वतंत्र रहना चाहता है। ऊपर दिए गए 5 व्यायाम सरल हैं, लेकिन यदि इन्हें अनुशासन के साथ किया जाए, तो ये आपके जीवन की गुणवत्ता में बड़ा सुधार ला सकते हैं।
याद रखें, शरीर की मजबूती एक दिन में नहीं आती। निरंतरता (Consistency) ही सफलता की कुंजी है। आज ही से इन एक्सरसाइज को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाएं और अपने पैरों को वह मजबूती दें जिसके वे हकदार हैं।
