प्लेसिबो बनाम नोसिबो: “मेरी रीढ़ की हड्डी खराब हो गई है”—कैसे आपकी नकारात्मक सोच दर्द को असली चोट से भी ज्यादा बढ़ा देती है?
समर्पण फिजियोथेरेपी क्लिनिक में हर दिन ऐसे कई मरीज आते हैं जो कमर दर्द से परेशान होते हैं। दर्द से भी ज्यादा जो बात उन्हें परेशान कर रही होती है, वह है उनका यह विश्वास: “डॉक्टर साहब, मेरी रीढ़ की हड्डी तो पूरी तरह से खराब हो गई है, अब मैं कभी ठीक नहीं हो…
