डीक्वेरवेन टेनोसाइनोवाइटिस नई माताओं में बच्चे को बार-बार उठाने से अंगूठे की नस में होने वाला तेज दर्द
मातृत्व (Motherhood) एक बेहद खूबसूरत और जीवन को बदल देने वाला अहसास है, लेकिन यह अपने साथ कई नई शारीरिक चुनौतियां भी लेकर आता है। शिशु के जन्म के बाद, अक्सर नई माताओं को अपनी कलाई और अंगूठे के निचले हिस्से में एक अजीब और तेज दर्द महसूस होता है। शुरुआत में यह दर्द हल्का लगता है, लेकिन धीरे-धीरे यह इतना बढ़ जाता है कि बच्चे को गोद में उठाना, डायपर बदलना या यहां तक कि पानी का गिलास उठाना भी एक सजा लगने लगता है।
इस स्थिति को मेडिकल भाषा में डीक्वेरवेन टेनोसाइनोवाइटिस (De Quervain’s Tenosynovitis) कहा जाता है। आम बोलचाल में इसे “मॉमी थंब” (Mommy’s Thumb) या “मदर्स रिस्ट” भी कहते हैं।
यदि आप एक नई मां हैं और इस दर्द से गुजर रही हैं, तो सबसे पहले यह जान लें कि आप अकेली नहीं हैं। यह नई माताओं में होने वाली सबसे आम ऑर्थोपेडिक समस्याओं में से एक है। आइए इस लेख में विस्तार से समझते हैं कि यह समस्या क्यों होती है, इसके लक्षण क्या हैं और आप इससे कैसे राहत पा सकती हैं।
1. डीक्वेरवेन टेनोसाइनोवाइटिस आखिर क्या है?
हमारे हाथों में मांसपेशियां हड्डियों से ‘टेंडन’ (Tendons – एक प्रकार के मजबूत ऊतक या नसें) के जरिए जुड़ी होती हैं। अंगूठे को हिलाने-डुलाने और बाहर की तरफ खींचने के लिए मुख्य रूप से दो टेंडन काम करते हैं: Abductor pollicis longus (APL) और Extensor pollicis brevis (EPB)।
ये दोनों टेंडन कलाई के पास एक छोटी सी ‘सुरंग’ (Tendon Sheath) से होकर गुजरते हैं। इस सुरंग के अंदर ‘साइनोवियल फ्लूइड’ (Synovial fluid) नामक तरल पदार्थ होता है, जो टेंडन को बिना रगड़ खाए आसानी से फिसलने में मदद करता है।
जब अंगूठे और कलाई का बार-बार और लगातार एक ही तरह से उपयोग होता है, तो इस सुरंग (Sheath) में सूजन और जलन (Inflammation) आ जाती है। सूजन के कारण सुरंग का रास्ता संकरा हो जाता है और जब टेंडन वहां से गुजरने की कोशिश करते हैं, तो भयानक दर्द होता है। इसी सूजन और दर्द की स्थिति को डीक्वेरवेन टेनोसाइनोवाइटिस कहते हैं।
2. नई माताओं में यह समस्या इतनी आम क्यों है?
‘मॉमी थंब’ आमतौर पर शिशु के जन्म के 3 से 4 सप्ताह बाद शुरू होता है। इसके पीछे कई शारीरिक और जीवनशैली से जुड़े कारण होते हैं:
- बच्चे को बार-बार उठाना (Repetitive Lifting): एक नवजात शिशु का वजन लगभग 3 से 4 किलो होता है और एक मां उसे दिन में कम से कम 20 से 30 बार उठाती है। जब मां बच्चे को उसकी कांख (Armpits) के नीचे हाथ लगाकर उठाती है, तो अंगूठा बाहर की तरफ खिंचता है और “L” आकार बनाता है। इस मुद्रा में पूरा वजन अंगूठे के टेंडन पर पड़ता है।
- हार्मोनल बदलाव (Hormonal Changes): गर्भावस्था के दौरान और प्रसव के बाद, शरीर में ‘रिलैक्सिन’ (Relaxin) नामक हार्मोन का स्तर अधिक होता है। यह हार्मोन जोड़ों और लिगामेंट्स को ढीला करता है ताकि प्रसव आसानी से हो सके। इसी ढीलेपन के कारण जोड़ों में चोट लगने या सूजन आने का खतरा बढ़ जाता है। इसके अलावा, प्रसव के बाद शरीर में पानी रुकने (Fluid retention) की समस्या भी नसों पर दबाव डालती है।
- स्तनपान की मुद्रा (Nursing Posture): बच्चे को दूध पिलाते समय, मां अक्सर अपने हाथ और कलाई को एक ही अजीब स्थिति (Awkward angle) में मोड़कर लंबे समय तक बच्चे के सिर को सहारा देती है। इससे कलाई की नसों पर लगातार तनाव बना रहता है।
- दैनिक काम: बच्चे के छोटे-छोटे कपड़े धोना, डायपर बदलना, कार सीट या स्ट्रॉलर को उठाना—ये सभी काम अंगूठे और कलाई पर अतिरिक्त दबाव डालते हैं।
3. इसके प्रमुख लक्षण क्या हैं?
डीक्वेरवेन टेनोसाइनोवाइटिस के लक्षण धीरे-धीरे या अचानक भी सामने आ सकते हैं। इसके मुख्य लक्षण इस प्रकार हैं:
- अंगूठे के आधार (Base of the thumb) पर दर्द: यह दर्द कलाई के उस हिस्से में होता है जो अंगूठे के ठीक नीचे होता है। दर्द बांह (Forearm) तक भी फैल सकता है।
- सूजन (Swelling): अंगूठे के निचले हिस्से और कलाई के पास हल्की सूजन आ सकती है। कभी-कभी वहां तरल पदार्थ से भरी एक छोटी सी गांठ (Cyst) भी महसूस हो सकती है।
- हिलाने में तकलीफ: अंगूठे को हिलाने, मुट्ठी बांधने या किसी चीज को पकड़ने (Pinching/Grasping) में तेज दर्द होता है।
- ‘स्नैपिंग’ या ‘पॉपिंग’ का अहसास: जब आप अंगूठे को हिलाती हैं, तो ऐसा महसूस हो सकता है जैसे नस कहीं अटक रही है या ‘क्लिक’ की आवाज आ रही है।
4. खुद कैसे जांचें? (फिंकेलस्टीन टेस्ट – Finkelstein Test)
डॉक्टर इस बीमारी की पहचान के लिए आमतौर पर एक बहुत ही सरल परीक्षण करते हैं, जिसे आप घर पर भी आजमा सकती हैं:
- अपना हाथ आगे की तरफ सीधा बढ़ाएं।
- अपने अंगूठे को अपनी हथेली के अंदर की तरफ मोड़ें (जैसे आप अंगूठे को छुपा रही हों)।
- अब अपनी बाकी चार उंगलियों को अंगूठे के ऊपर बंद करके एक मुट्ठी बना लें।
- अपनी कलाई को अपनी छोटी उंगली (Pinky finger) की तरफ नीचे की ओर झुकाएं।
परिणाम: यदि इस क्रिया को करते ही आपके अंगूठे के आधार या कलाई में बहुत तेज, तीखा दर्द होता है, तो यह स्पष्ट संकेत है कि आपको डीक्वेरवेन टेनोसाइनोवाइटिस (मॉमी थंब) है।
5. बचाव और जीवनशैली में बदलाव: बच्चे को उठाने का सही तरीका
इस समस्या का सबसे बड़ा इलाज आपकी आदतों में बदलाव है। बच्चे को उठाने के तरीके में एक छोटा सा बदलाव आपके टेंडन को ठीक होने का मौका दे सकता है।
| गलत तरीका (इससे बचें) | सही तरीका (‘स्कूप’ तकनीक अपनाएं) |
| बच्चे को कांख (Armpits) से पकड़कर उठाना। | अपने दोनों हाथों को बच्चे की पीठ और कूल्हों के नीचे सरकाना। |
| अंगूठे और तर्जनी उंगली के बीच “L” आकार बनाकर पूरा भार अंगूठे पर डालना। | अपनी हथेलियों को ऊपर की तरफ खुला रखना (जैसे पानी पीने के लिए अंजलि बनाते हैं)। |
| कलाई को मोड़कर बच्चे का सिर पकड़ना। | बांह (Forearm) और पूरी हथेली का उपयोग करके बच्चे को छाती से लगाना। अंगूठों को उंगलियों के साथ ही सटा कर रखना। |
अन्य सावधानियां:
- स्तनपान कराते समय अपने हाथ के नीचे एक नर्सिंग पिलो (Nursing pillow) या सामान्य तकिया रखें ताकि कलाई को आराम मिले।
- जब भी संभव हो, अपने पार्टनर या परिवार के अन्य सदस्यों से बच्चे को पालने से उठाने और लिटाने में मदद मांगें।
6. दर्द से राहत पाने के चिकित्सकीय और घरेलू उपाय
यदि आपको ‘मॉमी थंब’ हो गया है, तो इसे नजरअंदाज न करें। समय पर इलाज न करने पर यह दर्द महीनों तक रह सकता है।
क. थंब स्पाइका स्प्लिंट (Thumb Spica Splint)
यह इस समस्या का सबसे प्रभावी प्राथमिक उपचार है। यह एक विशेष प्रकार का ब्रेस (Brace) होता है जो आपके अंगूठे और कलाई को स्थिर (Immobilize) कर देता है।
- यह कैसे काम करता है? यह आपके अंगूठे को हिलने से रोकता है, जिससे सूजे हुए टेंडन को आराम मिलता है और सूजन कम होती है।
- कब पहनें? शुरुआत में इसे दिन और रात दोनों समय पहनने की सलाह दी जाती है (विशेषकर जब आप बच्चे को नहीं उठा रही हों या सो रही हों)। इसे कम से कम 3 से 4 सप्ताह तक लगातार पहनना पड़ सकता है।
ख. बर्फ की सिकाई (Ice Therapy)
दिन में 3-4 बार सूजन वाली जगह पर बर्फ का पैक (Ice pack) लगाएं। बर्फ को सीधे त्वचा पर न लगाएं, इसे एक पतले तौलिये में लपेट लें और 10-15 मिनट तक सिकाई करें। यह सूजन और दर्द को तुरंत कम करने में मदद करता है।
ग. दवाएं (Medications)
यदि दर्द असहनीय है, तो डॉक्टर आपको इबुप्रोफेन (Ibuprofen) जैसी एंटी-इंफ्लेमेटरी दवाएं (NSAIDs) दे सकते हैं। यदि आप स्तनपान करा रही हैं, तो कोई भी दवा लेने से पहले अपने डॉक्टर या स्त्री रोग विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें, ताकि वे आपको बच्चे के लिए सुरक्षित दवा दे सकें।
घ. कॉर्टिकोस्टेरॉइड इंजेक्शन (Corticosteroid Injections)
यदि स्प्लिंट और आराम से फायदा नहीं होता है, तो आर्थोपेडिक डॉक्टर टेंडन की सुरंग (Sheath) में स्टेरॉयड का इंजेक्शन लगा सकते हैं। यह इंजेक्शन जादुई रूप से काम करता है और सूजन को लगभग पूरी तरह खत्म कर देता है। कई मामलों में एक ही इंजेक्शन से समस्या हमेशा के लिए हल हो जाती है। स्तनपान कराने वाली माताओं के लिए भी कुछ विशिष्ट स्टेरॉयड इंजेक्शन सुरक्षित माने जाते हैं।
ङ. सर्जरी (Surgery)
बहुत ही दुर्लभ मामलों में, जब कोई भी इलाज काम नहीं करता और दर्द कई महीनों तक बना रहता है, तो एक छोटी सी सर्जरी की जाती है। इस सर्जरी में टेंडन की सुरंग (Sheath) को चीरा लगाकर थोड़ा खोल दिया जाता है, ताकि टेंडन बिना रगड़ खाए आसानी से चल सकें। यह एक डे-केयर प्रक्रिया है और रिकवरी काफी तेज होती है।
7. रिकवरी के लिए 3 आसान व्यायाम (Stretching Exercises)
ध्यान दें: इन व्यायामों को तभी शुरू करें जब आपका तेज दर्द और सूजन कम हो गई हो। यदि व्यायाम करते समय तेज दर्द हो, तो तुरंत रुक जाएं।
- टेबल लिफ्ट (Thumb Lifts): अपना हाथ किसी सपाट मेज पर इस तरह रखें कि आपकी हथेली ऊपर की ओर हो। अब धीरे-धीरे अपने अंगूठे को ऊपर की तरफ उठाएं और बाकी उंगलियों को मेज पर ही रहने दें। 5 सेकंड तक रोकें और फिर नीचे लाएं। इसे 10 बार दोहराएं।
- कलाई का स्ट्रेच (Wrist Flexion & Extension): अपना हाथ सीधा आगे बढ़ाएं। दूसरे हाथ की मदद से अपनी कलाई को धीरे-धीरे नीचे की ओर मोड़ें जब तक कि हल्का खिंचाव महसूस न हो। 15 सेकंड रुकें। फिर कलाई को ऊपर की ओर मोड़ें और 15 सेकंड रुकें। इसे 3-4 बार करें।
- फिंगर स्प्रिंग (Rubber Band Stretch): अपनी पांचों उंगलियों और अंगूठे को एक साथ मिलाएं और उनके चारों ओर एक साधारण रबर बैंड लपेट लें। अब धीरे-धीरे अपनी उंगलियों को बाहर की तरफ फैलाएं (रबर बैंड के खिंचाव के खिलाफ)। यह आपकी उंगलियों और कलाई की मांसपेशियों को मजबूत बनाता है।
8. मानसिक स्वास्थ्य पर प्रभाव: खुद के प्रति दयालु रहें
‘मॉमी थंब’ सिर्फ एक शारीरिक दर्द नहीं है, इसका गहरा मानसिक प्रभाव भी होता है। एक नई मां पहले से ही नींद की कमी और हार्मोनल बदलावों से जूझ रही होती है। ऐसे में जब वह अपने ही बच्चे को दर्द के कारण गोद में नहीं उठा पाती, तो उसमें अपराधबोध (Guilt) और निराशा की भावना आ सकती है।
यह समझना बहुत जरूरी है कि इसमें आपकी कोई गलती नहीं है। यह मातृत्व के दौरान होने वाली एक आम शारीरिक प्रतिक्रिया है। अपने शरीर को ठीक होने का समय दें। बच्चे को प्यार करने के और भी कई तरीके हैं—जैसे उसके पास लेटना, उसे देखकर मुस्कुराना या उससे बातें करना।
निष्कर्ष
डीक्वेरवेन टेनोसाइनोवाइटिस (Mommy’s Thumb) एक बेहद दर्दनाक स्थिति हो सकती है, लेकिन अच्छी खबर यह है कि यह पूरी तरह से इलाज योग्य है। इसे ‘सामान्य’ मानकर दर्द सहने की भूल न करें। जितनी जल्दी आप आराम करना शुरू करेंगी, स्प्लिंट का इस्तेमाल करेंगी और बच्चे को उठाने के तरीके में बदलाव करेंगी, उतनी ही जल्दी यह दर्द दूर हो जाएगा।
